संपूर्ण पंचांग दैनिक राशिफल महर्षि पाराशर पंचांग  अथ पंचांगम् ll जय श्री राधे ll दिनांक 22/08/2025

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|| जय श्री राधे ||
🌺🙏 महर्षि पाराशर पंचांग 🙏🌺
🙏🌺🙏 अथ पंचांगम् 🙏🌺🙏
ll जय श्री राधे ll
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दिनाँक:-22/08/2025,शुक्रवार
चतुर्दशी, कृष्ण पक्ष,
भाद्रपद
“””””””””””””””””””””””””””””””””””””(समाप्ति काल)

तिथि———– चतुर्दशी 11:55:13. तक
पक्ष————————– कृष्ण
नक्षत्र——— आश्लेषा 24:15:27
योग———— वरियान 14:33:56
करण————शकुनी 11:55:13
करण———- चतुष्पद 23:41:23
वार——————-‐—- शुक्रवार
माह———————– भाद्रपद
चन्द्र राशि——- कर्क 24:15:27
चन्द्र राशि——————- सिंह
सूर्य राशि——————- सिंह
रितु————————— वर्षा
आयन—————— दक्षिणायण
संवत्सर——————- विश्वावसु
संवत्सर (उत्तर) ————-सिद्धार्थी
विक्रम संवत———‐—— 2082
गुजराती संवत————– 2081
शक संवत—————— 1947
कलि संवत—————– 5126

वृन्दावन
सूर्योदय—————- 05:54:32
सूर्यास्त—————– 18:49:10
दिन काल————– 12:54:38
रात्री काल—————11:05:50
चंद्रोदय—————– 06:13:44
चंद्रास्त—‐-‐———– 18:28:00

लग्न —- सिंह 4°59′ , 124°59′

सूर्य नक्षत्र——————— मघा
चन्द्र नक्षत्र—————–आश्लेषा
नक्षत्र पाया——————- रजत

🚩💮🚩 पद, चरण 🚩💮🚩

डी—- आश्लेषा 06:06:48

डू—- आश्लेषा 12:07:53

डे—- आश्लेषा 18:10:44

डो—- आश्लेषा 24:15:27

💮🚩💮 ग्रह गोचर 💮🚩💮

ग्रह =राशी , अंश ,नक्षत्र, पद

सूर्य= सिंह 04°49 , मघा 2 मी
चन्द्र= कर्क 19°30 , आश्लेषा 1. डी
बुध = कर्क 15°52 ‘ आश्लेषा 1 डी
शु क्र= कर्क 01°05, पुनर्वसु , 4 ही
मंगल= कन्या 15°30 ‘ हस्त 2 ष
गुरु=मिथुन 21°30 पुनर्वसु, 1 के
शनि=मीन 06°48 ‘ उ o भा o , 1 के
राहू=(व) कुम्भ 25°00 पू o भा o, 2 सो

केतु= (व) सिंह 25°00 पूoफा o 4 टू

🚩💮🚩 शुभा$शुभ मुहूर्त 🚩💮🚩

राहू काल 10:45 – 12:22 अशुभ
यम घंटा 15:36 – 17:12 अशुभ
गुली काल 07:31 – 09:08 अशुभ
अभिजित 11:56 – 12:48 शुभ
दूर मुहूर्त 08:29 – 09:21 अशुभ
दूर मुहूर्त 12:48 – 13:39 अशुभ
वर्ज्यम 12:56 – 14:33 अशुभ
प्रदोष 18:49 – 21:04 शुभ

💮चोघडिया, दिन

चर 05:55 – 07:31 शुभ
लाभ 07:31 – 09:08 शुभ
अमृत 09:08 – 10:45 शुभ
काल 10:45 12:22 अशुभ
शुभ 12:22 13:59 शुभ
रोग 13:59 – 15:36 अशुभ
उद्वेग 15:36 – 17:12 अशुभ
चर 17:12 18:49 शुभ

🚩चोघडिया, रात

रोग 18:49 – 20:12 अशुभ
काल 20:12 21:36 अशुभ
लाभ 21:36 22:59 शुभ
उद्वेग 22:59 – 24:22* अशुभ
शुभ 24:22* – 25:45* शुभ
अमृत 25:45* – 27:09* शुभ
चर 27:09* – 28:32* शुभ
रोग 28:32* – 29:55* अशुभ

💮होरा, दिन

शुक्र 05:55 -06:59
बुध 06:59 -08:04
चन्द्र 08:04 -09:08
शनि 09:08 -10:13
बृहस्पति 10:13 -11:17
मंगल 11:17- 12:22
सूर्य 12:22- 13:26
शुक्र 13:26 -14:31
बुध 14:31- 15:36
चन्द्र 15:36 -16:40
शनि 16:40- 17:45
बृहस्पति 17:45 -18:49

🚩होरा, रात

मंगल 18:49- 19:45
सूर्य 19:45 -20:40
शुक्र 20:40 -21:36
बुध 21:36 -22:31
चन्द्र 22:31- 23:27
शनि 23:27- 24:22
बृहस्पति 24:22-25:18
मंगल 25:18-26:13
सूर्य 26:13-27:09
शुक्र 27:09-28:04
बुध 28:04-28:59
चन्द्र 28:59-29:55

🚩उदयलग्न प्रवेशकाल 🚩

सिंह > 05:36 से 07:50 तक
कन्या > 07:50 से 10:06 तक
तुला > 10:06 से 12:22 तक
वृश्चिक > 12:22 से 14:38 तक
धनु > 14:38 से 16:46 तक
मकर > 16:46 से 18:26 तक
कुम्भ > 18:26 से 19:58 तक
मीन > 19:58 से 21:28 तक
मेष > 21:28 से 22:58 तक
वृषभ > 22:58 से 00:58 तक
मिथुन > 00:58 से 003:12 तक

कर्क > 03:12 से 05:40 तक

🚩विभिन्न शहरों का रेखांतर (समय)संस्कार (लगभग-वास्तविक समय के समीप)

दिल्ली +10मिनट——— जोधपुर -6 मिनट
जयपुर +5 मिनट—— अहमदाबाद-8 मिनट
कोटा +5 मिनट———— मुंबई-7 मिनट
लखनऊ +25 मिनट——–बीकानेर-5 मिनट
कोलकाता +54—–जैसलमेर -15 मिनट

नोट— दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है।
प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है।
चर में चक्र चलाइये , उद्वेगे थलगार ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार करे,लाभ में करो व्यापार ॥
रोग में रोगी स्नान करे ,काल करो भण्डार ।
अमृत में काम सभी करो , सहाय करो कर्तार ॥
अर्थात- चर में वाहन,मशीन आदि कार्य करें ।
उद्वेग में भूमि सम्बंधित एवं स्थायी कार्य करें ।
शुभ में स्त्री श्रृंगार ,सगाई व चूड़ा पहनना आदि कार्य करें ।
लाभ में व्यापार करें ।
रोग में जब रोगी रोग मुक्त हो जाय तो स्नान करें ।
काल में धन संग्रह करने पर धन वृद्धि होती है ।
अमृत में सभी शुभ कार्य करें ।

💮दिशा शूल ज्ञान————- पश्चिम
परिहार-: आवश्यकतानुसार यदि यात्रा करनी हो तो घी अथवा काजू खाके यात्रा कर सकते है l
इस मंत्र का उच्चारण करें-:
शीघ्र गौतम गच्छत्वं ग्रामेषु नगरेषु च l
भोजनं वसनं यानं मार्गं मे परिकल्पय: ll

🚩 अग्नि वास ज्ञान -:
यात्रा विवाह व्रत गोचरेषु,
चोलोपनिताद्यखिलव्रतेषु ।
दुर्गाविधानेषु सुत प्रसूतौ,
नैवाग्नि चक्रं परिचिन्तनियं ।। महारुद्र व्रतेSमायां ग्रसतेन्द्वर्कास्त राहुणाम्
नित्यनैमित्यके कार्ये अग्निचक्रं न दर्शायेत् ।।

15 + 14 + 6 + 1 = 36 ÷ 4 = 0 शेष
पृथ्वी लोक पर अग्नि वास हवन के लिए शुभ कारक है l

🚩💮 ग्रह मुख आहुति ज्ञान 💮🚩

सूर्य नक्षत्र से अगले 3 नक्षत्र गणना के आधार पर क्रमानुसार सूर्य , बुध , शुक्र , शनि , चन्द्र , मंगल , गुरु , राहु केतु आहुति जानें । शुभ ग्रह की आहुति हवनादि कृत्य शुभपद होता है

केतु ग्रह मुखहुति

💮 शिव वास एवं फल -:

29 + 29 + 5 = 63 ÷ 7 = 0 शेष

शमशान वास = मृत्यु कारक

🚩भद्रा वास एवं फल -:

स्वर्गे भद्रा धनं धान्यं ,पाताले च धनागम:।
मृत्युलोके यदा भद्रा सर्वकार्य विनाशिनी।।

💮🚩 विशेष जानकारी 🚩💮

*शरद ऋतु प्रारंभ

💮🚩💮 शुभ विचार 💮🚩💮

यथा चतुर्भिः कनकं पराक्ष्यते
निघर्षणं छेदनतापताडनैः ।
तथा चतुर्भिः पुरुषः परीक्ष्य़ते
त्यागेन शीलेन गुणेन कर्मणा ।।
।।चाo नीo।।

सोने की परख उसे घिस कर, काट कर, गरम कर के और पीट कर की जाती है. उसी तरह व्यक्ति का परीक्षण वह कितना त्याग करता है, उसका आचरण कैसा है, उसमे गुण कौनसे है और उसका व्यवहार कैसा है इससे होता है.

🚩💮🚩 सुभाषितानि 🚩💮🚩

गीता -: अर्जुन विषादयोग:- अo-1

गाण्डीवं स्रंसते हस्तात्वक्चैव परिदह्यते।
न च शक्नोम्यवस्थातुं भ्रमतीव च मे मनः॥

हाथ से गांडीव धनुष गिर रहा है और त्वचा भी बहुत जल रही है तथा मेरा मन भ्रमित-सा हो रहा है, इसलिए मैं खड़ा रहने को भी समर्थ नहीं हूँ
॥30॥

💮🚩 दैनिक राशिफल 🚩💮

देशे ग्रामे गृहे युद्धे सेवायां व्यवहारके।
नामराशेः प्रधानत्वं जन्मराशिं न चिन्तयेत्।।
विवाहे सर्वमाङ्गल्ये यात्रायां ग्रहगोचरे।
जन्मराशेः प्रधानत्वं नामराशिं न चिन्तयेत ।।

🐏मेष
पुराने संगी-साथियों से मुलाकात होगी। शुभ समाचार प्राप्त होंगे। व्यवसाय ठीक चलेगा। लाभ होगा। परिश्रम का पूरा परिणाम मिलेगा। अच्छी व सुखद स्थितियाँ निर्मित होंगी। विरोधी आपकी छवि खराब करने का प्रयास कर सकते हैं। व्यावसायिक सफलता से मनोबल बढ़ेगा।

🐂वृष
रोजगार के क्षेत्र में संभावनाएं बढ़ेंगी। स्थायी संपत्ति संबंधी खटपट हो सकती है। खुद के प्रयत्नों से ही जनप्रियता एवं सम्मान मिलेगा। पुराना रोग उभर सकता है। भागदौड़ रहेगी। दु:खद समाचार मिल सकता है। धैर्य रखें। अस्वस्थता बनी रहेगी।

👫मिथुन
पार्टी व पिकनिक का आनंद मिलेगा। विद्यार्थी वर्ग को सफलता मिलेगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। प्रमाद न करें। नए कार्यों, योजनाओं की चर्चा होगी। लाभदायी समाचार आएंगे। समाज में आपके कार्यों की प्रशंसा होगी। साहस, पराक्रम बढ़ेगा। विश्वासप्रद माहौल रहेगा।

🦀कर्क
भूमि व भवन संबंधी बाधा दूर होगी। रोजगार मिलेगा। संतान के स्वास्थ्य में सुधार होगा। सोचे कामों में मनचाही सफलता मिलेगी। व्यापारिक निर्णय समय पर लेना होंगे। पुरानी बीमारी उभर सकती है। चोट व रोग से बाधा संभव है। बेचैनी रहेगी।

🐅सिंह
व्यवसाय अच्छा चलेगा। कार्य क्षेत्र में नई योजनाओं से लाभ होगा। लगन, मेहनत का उचित फल मिल सकेगा। क्रोध एवं उत्तेजना पर संयम रखें। विवाद सुलझेंगे। प्रयास सफल रहेंगे। प्रशंसा प्राप्त होगी। धन प्राप्ति सुगम होगी। वाणी पर नियंत्रण रखें। लाभ होगा।

🙍‍♀️कन्या
राजकीय सहयोग मिलेगा। कार्यकुशलता सहयोग से लाभान्वित होंगे। काम में मन लगेगा। स्वयं का सोच अनुकूल रहेगा। रिश्तेदारों से संबंधों की मर्यादा बनाए रखें। शारीरिक कष्‍ट से बाधा संभव है। भागदौड़ रहेगी। घर-परिवार का सहयोग प्राप्त होगा।

⚖️तुला
पुराना रोग उभर सकता है। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। परिवार की स्थिति अच्छी रहेगी। रचनात्मक काम करेंगे। कर्मचारियों पर निगाह रखें। परिवार की समस्या का उचित समाधान होगा। चोट, चोरी व विवाद आदि से हानि संभव है।

🦂वृश्चिक
धन प्राप्ति सुगम होगी। कानूनी बाधा दूर होकर लाभ होगा। पूँजी निवेश बढ़ेगा। पहले किए गए कार्यों का लाभदायी फल आज मिल सकेगा। संतान के कामों से खुशी होगी। व्यापार-व्यवसाय में तरक्की होगी। धर्म-कर्म में रुचि रहेगी। यात्रा सफल रहेगी।

🏹धनु
नई योजना बनेगी। नए अनुबंध होंगे। किसी मामले में कटु अनुभव मिल सकते हैं। सरकारी, कानूनी विवाद सुलझेंगे। जोखिम, लोभ, लालच से बचें। नया काम, व्यवसाय आदि की बात बनेगी। घर-बाहर तनाव रहेगा। विवाद को बढ़ावा न दें। जल्दबाजी न करें।

🐊मकर
बकाया वसूली के प्रयास सफल रहेंगे। यात्रा सफल रहेगी। आपसी मतभेद, मनमुटाव बढ़ेगा। किसी से मदद की उम्मीद नहीं रहेगी। आर्थिक समस्या बनी रहेगी। व्यसनाधीनता से बचें। व्यापार, रोजगार मध्यम रहेगा। विवाद से क्लेश होगा। शारीरिक कष्ट संभव है।

🍯कुंभ
आमदनी बढ़ेगी। रुका धन मिलने से निवेश में वृद्धि होने के योग हैं। उदर संबंधी विकार हो सकते हैं। फालतू खर्च होगा। कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। वाणी पर नियंत्रण रखें। चिंता रहेगी। व्यवसाय ठीक चलेगा। नवीन मुलाकातों से लाभ होगा।

🐟मीन
अप्रत्याशित लाभ होगा। जोखिम व जमानत के कार्य टालें। विवाद न करें। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी। रोजगार मिलेगा। नौकरी करने वालों को ऐच्छिक स्थानांतरण एवं पदोन्नति मिलने की संभावना बन सकती है। स्वास्थ्य के प्रति लापरवाही न करें।

🙏आपका दिन मंगलमय हो🙏
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आचार्य नीरज पाराशर (वृन्दावन)
(व्याकरण,ज्योतिष,एवं पुराणाचार्य)
09897565893,09027214416

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